माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के अनुपालन में जिला स्तर पर गठित डिस्ट्रिक्ट नेशनल हाईवे सेफ्टी टास्क फोर्स और जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक जिला पदाधिकारी सहरसा श्री दीपेश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में राष्ट्रीय राजमार्गों पर अवैध अतिक्रमण, अवैध पार्किंग, सड़क सुरक्षा एवं दुर्घटना न्यूनीकरण से संबंधित विषयों की विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान बताया गया कि राष्ट्रीय राजमार्ग-327E पर 98 व्यक्तियों, राष्ट्रीय राजमार्ग- 107 पर 189 व्यक्तियों तथा राष्ट्रीय राजमार्ग-106 पर 12 व्यक्तियों को अवैध अतिक्रमण हटाने हेतु नोटिस निर्गत किया गया है। इस प्रकार तीनों राष्ट्रीय राजमार्गों पर कुल 299 अवैध अतिक्रमण चिन्हित किए गए हैं। इनमें से राष्ट्रीय राजमार्ग-107 पर 9 स्थानों से अतिक्रमण हटाया जा चुका है, जबकि शेष अतिक्रमणकारियों को स्वेच्छा से अतिक्रमण हटाने का अवसर दिए जाने के बावजूद अब तक अतिक्रमण नहीं हटाया गया है। जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि 30 जून तक विशेष अभियान चलाकर सभी 299 अवैध अतिक्रमणों को हटाया जाए। इसके लिए संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, अंचल अधिकारी एवं थानाध्यक्ष को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान संबंधित राष्ट्रीय राजमार्ग के अभियंता एवं कर्मियों की उपस्थिति भी अनिवार्य होगी।
बैठक में बताया गया कि अवैध अतिक्रमण मुख्य रूप से पुरीख, सीहौल, तुनियाही, बनगांव, बिहरा, बेला, मुरली, बलुआहाट, सबेला एवं कहरा सहित विभिन्न स्थानों पर पाया गया है। जिला पदाधिकारी ने राष्ट्रीय राजमार्गों पर दुर्घटना संभावित (ब्लैक स्पॉट) स्थलों की पहचान कर वहां आवश्यक चेतावनी सूचना पट्ट लगाने एवं अन्य सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने हेतु राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के प्रोजेक्ट डायरेक्टर एवं कार्यपालक अभियंता को निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे संचालित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को निर्गत अनापत्ति प्रमाण-पत्र (NOC) की समीक्षा करने तथा शहरी क्षेत्रों में भवन निर्माण के लिए नक्शा स्वीकृत करने से पूर्व संबंधित नगर निकाय द्वारा राष्ट्रीय राजमार्ग से अनिवार्य रूप से एनओसी प्राप्त करने का निर्देश भी दिया गया। बैठक में यह भी बताया गया कि राष्ट्रीय राजमार्ग-327E पर सड़क सुरक्षा एवं त्वरित राहत व्यवस्था के लिए दो एंबुलेंस एवं दो पेट्रोलिंग वाहन लगातार कार्यरत हैं। वहीं राष्ट्रीय राजमार्गों पर अवैध पार्किंग रोकने के लिए संबंधित थाना पुलिस द्वारा नियमित जांच अभियान चलाया जा रहा है। परिवहन विभाग एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम द्वारा भी लगातार अभियान चलाकर सड़क किनारे अवैध रूप से वाहन पार्किंग करने वालों पर अर्थदंड की कार्रवाई की जा रही है। बैठक में पुलिस अधीक्षक सहरसा, जिला परिवहन पदाधिकारी, राष्ट्रीय राजमार्गों के प्रोजेक्ट डायरेक्टर, कार्यपालक अभियंता तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।